आज के एपिसोड में अक्षरा, अभीर और अभिमन्यु एक नई जगह पर शिफ्ट हो जाते है। आभीर अभिमन्यु और अक्षरा का स्वागत करता है। अभिमन्यु माफी मांगता है और कहता है कि वह केवल एक छोटा कमरा ही खरीद सकता है। अभीर अभिमन्यु को घर साफ करने में मदद करने का फैसला करता है। अभिमन्यु और अभीर अक्षरा को कोई भी काम करने से रोकते है। अक्षरा ने चाय बनाने का फैसला किया। उसे आरोही की याद आती है। अभिमन्यु और अभिर खाना बनाने का फैसला करते है। वे अक्षरा को आराम करने के लिए कहते हैं। अभिमन्यु और अभीर नेमप्लेट से अक्षरा को आश्चर्यचकित करते है। अक्षरा को गोयनका की याद आती है।
आभीर का कहना है कि आखिरकार उसे अपना अलग कमरा मिल गया। वह कहता है कि अभिमन्यु और अक्षरा को उससे मिलने की अनुमति चाहिए। अभिमन्यु अक्षरा का कमरा दिखाता है। वह कहता है कि अगर अक्षरा चाहे तो वह पास के घर में जा सकता है। अक्षरा अभिमन्यु से कहती है कि अगर वह उसके साथ आया है तो वह उसके साथ रहे। अभिमन्यु ने अक्षरा को धन्यवाद दिया।
अक्षरा अभीर से पूछती है कि उसने रात में स्कूल के कपड़े क्यों पहने है। अभीर कहता है कि वह स्कूल जाने के लिए इंतजार नहीं कर सकता। अक्षरा का कहना है कि वह ड्रेस में हैंडसम लग रहे हैं। वह कहती है कि अभिमन्यु को स्कूल में दाखिला मिल गया है। अक्षरा सोचती है कि अभिमन्यु को भी नौकरी मिल जाएगी। अभिमन्यु अक्षरा से साझा करता है कि उसे नौकरी मिल गई है। वह अक्षरा से वकालत शुरू करने के लिए कहता है।
अभिमन्यु अक्षरा के पेशे को बढ़ावा देता है। अक्षरा अभिमन्यु से भिड़ती है। अभिमन्यु का कहना है कि दोनों शिक्षित हैं, और अगर वे कमाएंगे, तो अमीर बन जाएंगे। अक्षरा और अभिमन्यु काम करने का फैसला करते है।
एक महीने की छलांग: अभिमन्यु अक्षरा के काम करने में उसकी मदद करता है। ,अभीर कक्षा में अव्वल आता है। अभिमन्यु और अक्षरा खुश हो जाते है। अक्षरा अभीर से पूछती है कि वह क्या चाहता है। आभीर का कहना है कि उसने अपनी इच्छा भगवान को पहले ही बता दी थी। अभिमन्यु अक्षरा से पूछता है कि क्या वह मनीष को फोन नहीं करेगी। अक्षरा कहती है कि वह मनीष को फोन नहीं करेगी। वह रूही की खातिर गोयनका से दूरी बनाने का फैसला करती है। अक्षरा चाहती है कि गोयनका और उसकी दुनिया कभी एक दूसरे के रास्ते में न आएं।
अक्षरा अपना पेपर ढूंढती है। अभिमन्यु अक्षरा की मदद करने की कोशिश करता है। अक्षरा और अभिमन्यु को पता चलता है कि अभीर एक सामान्य परिवार चाहता है। उन्हें अपनी यात्रा याद है। आभीर भगवान से प्रार्थना करता है कि उसे एक सामान्य परिवार दे। वह चाहता है कि अक्षरा और अभिमन्यु एक दूसरे से शादी करें। अक्षरा अभीर की इच्छा से हैरान हो जाती है। अभिमन्यु ने फैसला अक्षरा पर छोड़ने का फैसला किया। -एपिसोड समाप्त।
प्रीकेप: अभीरा अक्षरा की तरह वकील बनना चाहती है। रूही अरमान से शादी करने का सपना देखती है। अरमान ने अभीरा से शादी की। पोद्दार परिवार ने अभीरा को स्वीकार करने से इनकार कर दिया। रूही को अपने भाई से शादी करते देख अरमान चौंक जाते है। वॉयस ओवर में कहा गया है कि अभीरा अरमान के साथ कैसे तालमेल बिठाएगी।

